Aankh Hai Bhari Bhari Lyrics in Hindi - आँख है भरी भरी और तुम | Sameer Geet | poemgazalshayari.in
Aankh Hai Bhari Bhari Lyrics in Hindi - आँख है भरी भरी और तुम | Sameer Geet आँख है भरी भरी और तुम मुस्कुराने की बात करते हो आँख है भरी भरी और तुम मुस्कुराने की बात करते हो ज़िंदगी खफ़ा खफ़ा और तुम दिल लगाने की बात करते हो आँख है भरी भरी और तुम मुस्कुराने की बात करते हो मेरे हालात ऐसे हैं के मैं कुछ कर नहीं सकता मेरे हालात ऐसे हैं के मैं कुछ कर नहीं सकता तड़पता है ये दिल लेकिन ये आहें भर नहीं सकता ज़ख्म है हरा हरा और तुम चोट खाने की बात करते हो ज़िंदगी खफ़ा खफ़ा और तुम दिल लगाने की बात करते हो आँख है भरी भरी और तुम मुस्कुराने की बात करते हो ज़माने में भला कैसे मुहब्बत लोग करते हैं ज़माने में भला कैसे मुहब्बत लोग करते हैं वफ़ा के नाम की अब तो शिकायत लोग करते हैं आग है बुझी बुझी और तुम लौ जलाने की बात करते हो ज़िंदगी खफ़ा खफ़ा और तुम दिल लगाने की बात करते हो आँख है भरी भरी और तुम मुस्कुराने की बात करते हो कभी जो ख्वाब देखा तो मिली परछाईयाँ मुझ को कभी जो ख्वाब देखा तो मिली परछाईयाँ मुझको मुझे महफ़िल की ख्वाहिश थी मिली तनहाईयाँ मुझको ज़िंदगी खफ़ा खफ़ा और तुम दिल लगाने की बात करते हो आँ...