प्रिय पाठकों! हमारा उद्देश्य आपके लिए किसी भी पाठ्य को सरलतम रूप देकर प्रस्तुत करना है, हम इसको बेहतर बनाने पर कार्य कर रहे है, हम आपके धैर्य की प्रशंसा करते है| धन्यवाद!

Friday, June 19, 2020

भोरहरी की चहल-पहल दिन उगते ही वीरान - bhoraharee kee chahal-pahal din ugate hee veeraan -- जयप्रकाश त्रिपाठी- Jayprakash Tripathi #www.poemgazalshayari.in ||Poem|Gazal|Shaayari|Hindi Kavita|Shayari|Love||

भोरहरी की चहल-पहल दिन उगते ही वीरान ।
रातोरात ख़बर फैला दी किसने कानोकान ।

सूरज के चेहरे पर उमड़े
बादल काले-काले,
सरेआम रोशनी लूटकर
नाच रहे मतवाले,
ज़र्रा-ज़र्रा मिला रहा है धिन्नक-धिन्ना तान ।
रातोरात ख़बर फैला दी किसने कानोकान ।

बिना आँख के घूर रहे हैं
कस कर मुट्ठी बान्धे,
डाल-डाल पर उल्लू देखो
कैसी चुप्पी साधे,
उन्हे छोड़कर बाक़ी सब चिरई-चुनमुन हैरान ।
रातोरात ख़बर फैला दी किसने कानोकान ।

सुबह-सुबह आ गए कहाँ से
इतने आदमख़ोर,
जिनकी परछाईं में शामिल
गठरी-गठरी चोर,
बन्द द्वार पर चौखट-चौखट अनाहूत मेहमान ।
रातोरात ख़बर फैला दी किसने कानोकान ।


- जयप्रकाश त्रिपाठी- Jayprakash Tripathi

#www.poemgazalshayari.in

||Poem|Gazal|Shaayari|Hindi Kavita|Shayari|Love||

No comments:

Post a Comment

Teri Muhabbat ne sikhaya, mujhe bharosha karna | Love Shyaari | Pyar shyari | shayari with image | couple shayari

 Teri Muhabbat ne sikhaya, mujhe bharosha karna, warna ek sa samjh sabko, gunah kar baitha tha. -Ambika Rahee हमारे इस पोस्ट को पढ़ने के लिए ...